बुनियादी साक्षरता व संख्या ज्ञान के लक्ष्य को प्राप्त करने में कलस्टर कार्यशालाओं का महत्वपूर्ण स्थान -माली

- धनला।
बुनियादी साक्षरता व संख्या ज्ञान के लक्ष्य को प्राप्त करने में कलस्टर कार्यशालाओं का महत्वपूर्ण स्थान है अतः हमें इन कार्यशालाओं में सीखे ज्ञान को अपने विद्यालय में जाकर कार्यरुप देना है ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके। उक्त उद्गार अतिरिक्त मुख्य ब्लाक शिक्षा अधिकारी देसूरी विजयसिंह माली ने निकटवर्ती राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पनोता में आयोजित तृतीय कलस्टर कार्यशाला के समापन पर व्यक्त किए।

माली ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करना प्रत्येक विद्यार्थी का अधिकार है। हमारे विद्यार्थी बुनियादी साक्षरता व संख्या ज्ञान में निपुण बने।इस हेतु हमें एबीएल किट का प्रभावी उपयोग करना होगा।इस अवसर पर बोलते हुए प्रधानाचार्य घीसाराम ने कहा कि निपुण भारत, निपुण राजस्थान व प्रखर राजस्थान जैसे अभियानों के सकारात्मक परिणाम आ रहे हैं ।अब शिक्षकों की जिम्मेदारी है कि वे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दे।इस अवसर पर संभागियो ने अनुभव कथन किए तथा कार्यशाला को शिक्षकों व विद्यार्थियों के लिए उपयोगी बताया। संभागियो ने विश्वास दिलाया कि वे उनके बताए दिशा-निर्देश की पालना करते हुए अपने विद्यालय में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देंगे।
इससे पहले अतिरिक्त मुख्य ब्लाक शिक्षा अधिकारी विजयसिंह माली ने कार्यशाला का अवलोकन किया।दक्ष प्रशिक्षक पाबूसिंह व संबलनकर्ता शैतान सिंह से कार्यशाला के सत्रों की जानकारी ली व संभागियो से फ़ीड बैक लिया।
उल्लेखनीय है कि पनोता में आयोजित इस कलस्टर कार्यशाला में सांसरी, पनोता, कोटसोलंकियान व मगरतलाव पंचायत क्षेत्र के प्रारंभिक शिक्षा के शिक्षकों ने भाग लिया।










