प्रदेश के सभी 41 जिलों में बनेंगे गर्ल्स हॉस्टल, बजट में राजस्थान को बड़ी सौगात

प्रदेश के सभी 41 जिलों में बनेंगे गर्ल्स हॉस्टल, शिक्षा और सुरक्षा को मिलेगा नया आधार
जयपुर। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में अपने 9वें केंद्रीय बजट में महिलाओं और छात्राओं के हित में एक अहम और दूरगामी फैसला लिया है। बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने घोषणा की कि देश के हर जिले में एक-एक गर्ल्स हॉस्टल का निर्माण किया जाएगा। इस फैसले के तहत देशभर के करीब 800 जिलों में गर्ल्स हॉस्टल बनाए जाएंगे, जिनमें राजस्थान के सभी 41 जिले भी शामिल हैं।
-
विधायक बाल मुक़न्दाचार्य पहुंचे भारत माता आश्रम नोहरOctober 17, 2024
-
जिला स्तरीय जनसुनवाई एवं सतर्कता समिति की बैठक आयोजितOctober 17, 2024
वर्तमान में राजस्थान में कुल 41 जिले हैं। इनमें जयपुर, भीलवाड़ा, अजमेर, अलवर, बांसवाड़ा, बारां, बाड़मेर, भरतपुर, बीकानेर, बूंदी, चित्तौड़गढ़, चूरू, दौसा, डूंगरपुर, धौलपुर, हनुमानगढ़, जैसलमेर, जालोर, झालावाड़, झुंझुनूं, जोधपुर, करौली, कोटा, नागौर, पाली, प्रतापगढ़, राजसमंद, सवाई माधोपुर, सीकर, सिरोही, श्रीगंगानगर, टोंक और उदयपुर पुराने जिले शामिल हैं।
इसके अलावा हाल ही में गठित बालोतरा, ब्यावर, डीग, डीडवाना-कुचामन, दूदू, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़ और फलौदी नए जिले भी इस योजना के दायरे में आएंगे। वित्त मंत्री की घोषणा के अनुसार अब इन सभी जिलों में एक-एक गर्ल्स हॉस्टल का निर्माण किया जाएगा।
शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़े एलान
बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शिक्षा क्षेत्र को लेकर भी अहम घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि देशभर में 15,000 सेकेंडरी स्कूल और 500 नए कॉलेज खोले जाएंगे। साथ ही हर जिले में गर्ल्स हॉस्टल की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी, ताकि छात्राओं को पढ़ाई के दौरान सुरक्षित और सुविधाजनक आवास मिल सके।
छात्राओं को मिलेगा सीधा लाभ
इस फैसले से खासकर ग्रामीण और दूर-दराज के इलाकों से आने वाली छात्राओं को बड़ा लाभ मिलेगा। हॉस्टल सुविधा उपलब्ध होने से छात्राओं की पढ़ाई में निरंतरता बनी रहेगी, ड्रॉपआउट दर कम होगी और महिला शिक्षा को नई मजबूती मिलेगी।
कुल मिलाकर, यह बजट घोषणा राजस्थान ही नहीं बल्कि पूरे देश में महिला सशक्तिकरण, शिक्षा और सुरक्षा की दिशा में एक ठोस कदम मानी जा रही है।













