कानपुर में वायु सेना कर्मी पर ठगी, धोखाधड़ी और द्विविवाह का सनसनीखेज आरोप


ब्रेकिंग न्यूज़: कानपुर में वायु सेना कर्मी पर ठगी, धोखाधड़ी और द्विविवाह का सनसनीखेज आरोप; असम की हुस्ना बेगम ने मुख्यमंत्री योगी से लगाई न्याय की गुहार
कानपुर, 26 अगस्त 2025: उत्तर प्रदेश के कानपुर से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां भारतीय वायु सेना के कर्मी राजू राम पर ठगी, धोखाधड़ी और फर्जी द्विविवाह के गंभीर आरोप लगे हैं। असम की रहने वाली हुस्ना बेगम उर्फ नेहा खान ने कानपुर नगर कमिश्नर को शिकायत सौंपकर न्याय की मांग की है और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से महिला सुरक्षा के नाम पर तत्काल हस्तक्षेप की अपील की है।

हुस्ना बेगम, जो असम के जोरहाट जिले की निवासी हैं और तीन बच्चों की मां हैं, ने बताया कि उनकी मुलाकात 2012 में राजू राम से असम में हुई थी, जहां वह वायु सेना में तैनात थे। राजस्थान के कापेड़ा गांव के मूल निवासी राजू ने हुस्ना से मंदिर में शादी रचाई और फिर बहला-फुसलाकर उनकी करोड़ों रुपये की संपत्ति हड़प ली। इसके बाद, राजू ने असम से ट्रांसफर लेकर कानपुर में चंदा देवी नाम की महिला से दूसरी शादी कर ली। हुस्ना का आरोप है कि राजू ने उनकी संपत्ति बेचकर हड़प ली और उन्हें तथा उनके बच्चों को बेसहारा छोड़ दिया।

जब हुस्ना अपने पति की तलाश में कानपुर एयर फोर्स स्टेशन पहुंचीं, तो उन्हें तीन दिनों तक इंतजार करवाया गया। सोमवार को दो वायु सेना अधिकारियों ने उन्हें एक सुनसान जगह पर ले जाकर कथित तौर पर धमकाया। हुस्ना का दावा है कि अधिकारियों ने उन्हें “बांग्लादेशी” का ठप्पा लगाकर देश से निकालने की धमकी दी, साथ ही कुछ पैसे देकर मामले को सेटल करने का दबाव बनाया। उन्होंने कहा कि उनकी शिकायत से वायु सेना की बदनामी होगी, इसलिए उन्हें राजू राम से मिलने से रोक दिया गया।
हुस्ना की भावुक अपील में उन्होंने कहा, “मेरी सारी संपत्ति छीन ली गई है। अब मेरे पास न पैसा है, न आय का कोई स्रोत। मेरे तीन बच्चों का भविष्य अंधेरे में है। मैं मुख्यमंत्री जी से गुहार लगाती हूं कि मुझे और मेरे बच्चों को न्याय दिलाएं। क्या उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा का कोई महत्व नहीं बचा?”

हुस्ना ने कानपुर नगर कमिश्नर से राजू राम और इस मामले में शामिल सभी लोगों के खिलाफ सख्त जांच और कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर महिला सुरक्षा के उनके वादों को याद दिलाया और चेतावनी दी कि अगर न्याय नहीं मिला, तो यह राज्य में महिलाओं की स्थिति पर गंभीर सवाल उठाएगा। इस प्रकरण में प्रार्थना पत्र मुख्यमंत्री को सौंपा गया है।
क्या होगी कार्रवाई? यह मामला अब सुर्खियों में है। सवाल उठ रहे हैं कि क्या वायु सेना और कानपुर पुलिस कमिश्नरेट इस पर त्वरित और निष्पक्ष जांच करेंगे? जनता की निगाहें अब प्रशासन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर टिकी हैं, जो महिला सुरक्षा को अपनी प्राथमिकता बताते रहे हैं। आगे की अपडेट्स के लिए बने रहें।





