माहे रमजान पर खत्म तरावीह, इफ्तार व सम्मान समारोह का आयोजन

सर्वोच्च मानवाधिकार संरक्षण के प्रदेश अध्यक्ष मोहम्मद जाहिद हुसैन ने विभिन्न मस्जिदों में की शिरकत
टुंडी (दीपक पाण्डेय)।
माहे रमजान के पवित्र अवसर पर सर्वोच्च मानवाधिकार संरक्षण के प्रदेश अध्यक्ष मोहम्मद जाहिद हुसैन द्वारा विभिन्न पंचायतों में खत्म तरावीह, दावत-ए-इफ्तार तथा सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस दौरान मुस्लिम समाज में काफी उत्साह देखने को मिला।
जानकारी के अनुसार पूरे रमजान माह में मोहम्मद जाहिद हुसैन ने अलग-अलग मस्जिदों में आयोजित खत्म तरावीह और इफ्तार कार्यक्रमों में भाग लेकर समाज के साथ अपनी सहभागिता निभाई। सबसे पहले महुबनी पंचायत में हाफिज मोहम्मद रमजान ने मात्र 10 दिनों में 30 पारा कुरान शरीफ का पाठ सुनाया। वहीं मदरसा मस्जिद महाराजगंज में हाफिज मोहम्मद उम्दा कासिमी ने 11 दिनों में कुरान खत्म किया।
इसी क्रम में ईदगाह मस्जिद रामपुर मोड़ में हाफिज नियाज़ अहमद ने 15 दिनों में खत्म तरावीह पूरी की। नूरी मस्जिद बादलपुर में हाफिज मुर्तजा ने 20 दिनों में, लछुरायडीह मस्जिद में हाफिज मोहम्मद फरीद ने 21 दिनों में तथा बासजोड़िया मस्जिद में हाफिज मोहम्मद फैसल अंसारी ने 22 दिनों में कुरान का पाठ पूर्ण किया।

इस अवसर पर मोहम्मद जाहिद हुसैन ने सभी मस्जिदों में पहुंचकर हाफिजों को इमामा पहनाकर, गुलदस्ता एवं नजराना भेंट कर उनका सम्मान किया। साथ ही नमाजियों और रोजेदारों के बीच शीरनी वितरित की गई तथा बुजुर्गों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान लोगों ने बताया कि मोहम्मद जाहिद हुसैन सभी धर्मों और समुदायों के साथ समान भाव रखते हैं। वे ईद, रामनवमी, सोहराय, रक्षाबंधन, खेलकूद कार्यक्रमों और विभिन्न सामाजिक बैठकों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं तथा समाज में आपसी भाईचारे और न्याय की भावना को मजबूत करने का कार्य करते रहे हैं।
इस अवसर पर मोहम्मद जाहिद हुसैन ने रमजान के पवित्र महीने में देश में अमन-चैन, एकता और खुशहाली के लिए अल्लाह तआला से दुआ की।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से मुफ्ती अब्दुल हय कासमी, मौलाना इनायत कलीम कासमी, हाफिज रमजान, हाफिज फरीद, हाफिज मुर्तजा, हाफिज नियाज़ अहमद, हाफिज उम्दा कासिमी, हाफिज फैसल अंसारी, मोहम्मद जसीम अहमद, मोहम्मद नईम अंसारी, सनाउल अंसारी, अजीज साहब, मौलाना इलियास, मोहम्मद जावेद अंसारी, मोहम्मद सिराज अंसारी, अब्दुल कय्यूम अंसारी, वार्ड सदस्य मुर्तजा अंसारी, मोहम्मद इबरार अंसारी, मोहम्मद सफी सहित बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग उपस्थित रहे।











