प्रजापति समाज कौटा सौताला की नई कार्यकारिणी का गठन, समाज के अधिकारों और सम्मान के लिए संघर्ष का संकल्प

डूंगरली (बाली तहसील)। बाली तहसील के कौटा सौताला प्रजापति समाज के अंतर्गत आने वाले 13 गांवों — डूंगरली, मुंडारा, शिवतलाव, रणकपुर, खारडी, पादरड़ी, बडगांव, जसवंतगढ़, भीमाना, सोजत, बेदला, नांदिया और रानी — के समाजबंधुओं की एक महत्वपूर्ण बैठक रविवार को डूंगरली भवन में आयोजित की गई।
बैठक में समाज की वर्तमान स्थिति, युवा वर्ग की चुनौतियां, पारंपरिक व्यवसाय को लेकर बढ़ती समस्याएं और सामाजिक एकता जैसे विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई।

बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि अब समाज को एक संगठित दिशा में आगे बढ़ाने के लिए नई कार्यकारिणी समिति का गठन किया जाए, ताकि समाज के लोगों की समस्याओं को प्रशासन और सरकार तक मजबूती से रखा जा सके।
🔸 नई कार्यकारिणी समिति का गठन और शपथ ग्रहण समारोह
चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद समाज की नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई। इस अवसर पर शपथ ग्रहण समारोह भी आयोजित किया गया, जिसमें सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों ने समाज के प्रति निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण भाव से कार्य करने की शपथ ली।
नई कार्यकारिणी समिति इस प्रकार रही —
| पद | नाम | ग्राम |
|---|---|---|
| अध्यक्ष | लाला राम | शिवतलाव |
| मंत्री | विजय कुहाड़िया | मुंडारा |
| उपाध्यक्ष | हनुमान लाल | डूंगरली |
| कोषाध्यक्ष | राजू प्रजापति | मुंडारा |
| संगठन सचिव | गोपाल लाल | डूंगरली |
| महिला प्रतिनिधि | श्रीमती मीना देवी | खारडी |
| युवा प्रतिनिधि | रवि कुमार | बडगांव |
🔸 समाज के अधिकारों की रक्षा और पारंपरिक व्यवसाय को सशक्त बनाने का संकल्प
समाज के नवनियुक्त मंत्री श्री विजय कुहाड़िया (मुंडारा) ने शपथ ग्रहण करते हुए कहा कि वे समाज के अधिकारों की रक्षा के लिए सदैव अग्रसर रहेंगे। उन्होंने कहा कि मिट्टी का कार्य, जो कुम्हार समाज की पहचान है, आज आधुनिकता की दौड़ में पीछे छूटता जा रहा है।
उन्होंने समाज को आश्वासन दिया कि नई कार्यकारिणी इस पुश्तैनी व्यवसाय को दोबारा सशक्त बनाने और युवाओं को इससे जोड़ने के लिए ठोस कदम उठाएगी।
कुहाड़िया ने कहा—
“हम समाज के हक और अधिकार दिलाने के लिए संघर्ष करेंगे। कोई भी परिवार खुद को कमजोर न समझे, समाज की पूरी टीम उसके साथ खड़ी रहेगी। हमारे पुरखों का यह पुश्तैनी धंधा हमारी पहचान है, इसे बचाना हमारी जिम्मेदारी है।”
🔸 महिला सशक्तिकरण और शिक्षा पर जोर
कार्यक्रम में नारी शक्ति की भूमिका पर विशेष चर्चा हुई। विजय कुहाड़िया ने कहा कि आने वाले समय में महिलाओं और बालिकाओं के सम्मान, शिक्षा और आत्मनिर्भरता पर समाज प्राथमिकता से कार्य करेगा।
उन्होंने कहा कि समाज के किसी भी कोने में किसी बालिका या महिला के साथ अपमान या अन्याय होगा तो नई कार्यकारिणी उसके साथ खड़ी होगी।
“नारी सम्मान समाज का सम्मान है, और समाज तभी प्रगति कर सकता है जब उसकी बेटियां शिक्षित और सुरक्षित हों।”
🔸 सरकार से मान्यता और सम्मान की मांग
विजय कुहाड़िया ने अपने संबोधन में कहा कि कुम्हार समाज को अब तक सरकार ने हमेशा नजरअंदाज किया है। जबकि सच्चाई यह है कि
“दुनिया का पहला इंजीनियर कुम्हार था,” जिसने मिट्टी से आकार देकर सभ्यता को दिशा दी। उन्होंने मांग रखी कि सरकार को कुम्हार समाज को “विश्व का पहला इंजीनियर” घोषित कर विशेष सम्मान देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि यह समाज केवल बर्तन नहीं बनाता, बल्कि मिट्टी से संस्कृति और जीवन गढ़ता है। अगर सरकार वास्तव में “सबका साथ, सबका विकास” चाहती है, तो कुम्हार समाज को उसके वास्तविक योगदान का सम्मान देना होगा।
🔸 समाज की एकता और भविष्य की दिशा
कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष लाला राम शिवतलाव ने कहा कि समाज तभी मजबूत बनेगा जब हर गांव और हर परिवार एक सूत्र में जुड़कर कार्य करेगा। उन्होंने कहा कि शिक्षा, एकता और आत्मनिर्भरता ही समाज की सबसे बड़ी ताकत हैं।
उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे तकनीक और आधुनिक साधनों का उपयोग करते हुए समाज के व्यवसाय को आगे बढ़ाएं और नई पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास से परिचित कराएं।
🔸 समाज का नारा और आशीर्वाद
अंत में सभी ने एक स्वर में समाज का नारा लगाया —
“जय मां श्री श्रीयादे माता, बस का साथ सबका विकास।”
वरिष्ठ समाजसेवकों और बुजुर्गों ने नवनियुक्त पदाधिकारियों को आशीर्वाद दिया और आशा जताई कि नई कार्यकारिणी समाज को नई दिशा और पहचान देने में सफल होगी।
कार्यक्रम के समापन पर सामूहिक भोजन का आयोजन हुआ और उपस्थित लोगों ने समाज की एकता और प्रगति के लिए संकल्प लिया।











