सुमेरपुर: गड्ढों में तब्दील हुई शहर की सड़कें, हर कदम पर हादसे का खतरा

सुमेरपुर की सड़कें गड्ढों में तब्दील
हर कदम पर हादसे का खतरा, जनता बेहाल
- पुखराज कुमावत सुमेरपुर
मैन बाजार से जूना जाखोड़ा रोड तक बदहाली | मॉडल रोड सिर्फ कागजों में
सुमेरपुर। नगर की सड़कें अब विकास का रास्ता नहीं बल्कि दुर्घटनाओं का कारण बनती जा रही हैं।
शहर के मैन बाजार, भेरू चौक, गांधी मूर्ति मार्ग एवं जूना जाखोड़ा रोड की स्थिति अत्यंत दयनीय हो चुकी है। जगह-जगह बने गहरे गड्ढों ने सड़कों को पूरी तरह जर्जर कर दिया है।
सड़क की ऊपरी परत उखड़ चुकी है और कई स्थानों पर वाहन चालकों को
जान जोखिम में डालकर गुजरना पड़ रहा है। दोपहिया वाहन सवारों के लिए
यह मार्ग किसी खतरे से कम नहीं, वहीं पैदल राहगीर हर कदम संभलकर
रखने को मजबूर हैं।
जूना जाखोड़ा रोड पर सबसे गंभीर हालात
जूना जाखोड़ा रोड की स्थिति सबसे अधिक चिंताजनक बनी हुई है।
एक ओर कचरा संग्रहण केंद्र, दूसरी ओर विद्युत पोल और ठीक बीच में बना विशाल गड्ढा राहगीरों के लिए बड़ा खतरा बना हुआ है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यहां पहले भी कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन नगर पालिका प्रशासन अब तक मौन है।
बारिश के बाद भी नहीं हुई मरम्मत
बरसात समाप्त हुए काफी समय बीत चुका है, इसके बावजूद सड़कों पर बने
गड्ढों का भराव नहीं किया गया। गांधी मूर्ति से भेरू चौक तक का मार्ग
हो या मैन बाजार की व्यस्त सड़कें — हर जगह हालात एक जैसे हैं।
व्यापारियों का कहना है कि खराब सड़कों के कारण बाजार में ग्राहकों
की आवाजाही भी प्रभावित हो रही है।
मॉडल रोड योजना सिर्फ फाइलों में
नगर पालिका द्वारा सुमेरपुर की सड़कों को “मॉडल रोड” के रूप में विकसित करने की योजना वर्षों से केवल कागजों में सिमटी हुई है। धरातल पर सच्चाई इसके ठीक उलट नजर आती है।
जनता का कहना है कि यदि समय रहते मरम्मत कार्य किया जाए तो
दुर्घटनाओं पर रोक लगाई जा सकती है।
जनता में रोष, त्वरित कार्रवाई की मांग
स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों में नगर पालिका की निष्क्रियता को लेकर भारी रोष व्याप्त है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि शीघ्र गड्ढों को भरकर सड़कों का पुनर्निर्माण कराया जाए, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले हालात सुधारे जा सकें।













