मनरेगा को ख़त्म करना गरीबों की जीवन रेखा समाप्त करने जैसा – शिशुपाल सिंह निम्बाडा

मनरेगा को ख़त्म करना गरीबो की जीवन रेखा को समाप्त करने के समान- निम्बाडा
सादड़ी 5 फरवरी 2026
“मनरेगा बचाओ संग्राम महाअभियान” के तहत संवाद कार्यक्रम सादड़ी के सेवटो बेरा में पाली जिला कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में मनरेगा श्रमिकों एवं ग्रामीणों से संवाद कार्यक्रम किया। ‘मनरेगा बचाओ संग्राम’ महाभियान के तहत सादड़ी में मनरेगा श्रमिकों व ग्रामीणों से संवाद में पाली जिला कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष शिशुपाल सिंह निम्बाडा ने कहा कि मनरेगा गरीब, मजदूर और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार इसके नाम और प्रावधानों से छेड़छाड़ कर योजना को कमजोर करने का प्रयास कर रही है, जिसे कांग्रेस बर्दाश्त नहीं करेगी। कांग्रेस गांव-गांव जाकर मनरेगा बचाने की लड़ाई लड़ रही है और मजदूरों के हक के लिए सड़क से सदन तक संघर्ष करेगी। संवाद कार्यक्रम में मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मनरेगा को बचाने और मजदूरों को उनका अधिकार दिलाने के लिए आंदोलन तेज करने का संकल्प लिया।

निम्बाड़ा ने कहा कि मनरेगा में किए गए सभी बदलावों को तत्काल वापस लेने की मांग की, ताकि मजदूरों को समय पर काम और भुगतान मिल सके। इसके अतिरिक्त, काम के संवैधानिक अधिकार की पूर्ण बहाली और न्यूनतम मजदूरी 400 रुपए प्रतिदिन करने की भी जोरदार मांग की गई।
इस दौरान घाटोल प्रभारी व कांग्रेस नेता राकेश मेवाडा ने केंद्र सरकार पर मनरेगा को खत्म करने का आरोप लगाते हुए मजदूरों व गरीबों के हक की आवाज उठाते रहेंगे, वंही सेवादल प्रदेश उपाध्यक्ष मोहन हटेला ने मनरेगा को ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ बताया और कहा कि इसे कमजोर करने का कोई भी प्रयास गरीबों के साथ अन्याय होगा।
इस अवसर पर श्रवण सिंह , अनिल सिंह निंबाड़ा, सामाजिक संगठन के कार्यकर्ता सहित कांग्रेस पदाधिकारी और सभी नरेगाकर्मी मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया गया।
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