जीएसटी के स्लैब को लेकर काफी असमंजस

नए स्लैब दर दशहरे के पहले लागू करे सरकार : शंकर ठक्कर
कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के राष्ट्रीय मंत्री एवं अखिल भारतीय खाद्य तेल व्यापारी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष शंकर ठक्कर ने बताया आम उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 15 अगस्त को जीएसटी दरों में बदलाव का एलान करने के बाद बिहार के डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बनीं जीएसटी दरों पर मंत्री समूह ने केंद्र के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस प्रस्ताव के तहत मौजूदा पांच स्लैब खत्म करके इसे सिर्फ दो स्लैब 5 और 18 प्रतिशत में बदलने पर मुहर लग गई है।
देश भर के व्यापारी एवं उद्यमियों ने इस निर्णय का स्वागत तो किया है। लेकिन अभी उन्हें यह नहीं मालूम कि इन स्लैब के अंदर कौन सी वस्तुएं शामिल है। इसलिए इसका सीधा असर बाजार पर दिखने लगा है। पीएम मोदी द्वारा 15 अगस्त को दिए गए भाषण के बाद से अधिकांश व्यापारियों और उद्यमियों का एक ही सवाल है कि अब किन वस्तुओं पर पर टैक्स कम लगेगा और किन पर ज्यादा।

सर्राफा कारोबारी पंकज जैन ने बताया कि रक्षाबंधन के बाद से होली तक लगातार त्योहार होते हैं। दिवाली बाद शादी विवाह भी शुरू हो जाएगा इसलिए सरकार को इसको दशहरा पर लागू कर देना चाहिए।
*शंकर ठक्कर ने आगे कहा कि वर्तमान समय में ग्राहक खरीदारी को लेकर असमंजस में हैं। सरकार ने नया स्लैब दीपावली के मौके पर लागू करने की घोषणा की है। अगर ऐसा हुआ तो बड़े त्यौहार धनतेरस और छोटी दिवाली पर बिक्री प्रभावित होगी और दुकानदारों के त्योहार खराब हो सकते हैं। वास्तव में अगर सरकार इसका लाभ आम उपभोक्ता को देना चाहती है तो उसे दशहरे के पहले लागू कर देना चाहिए। इससे दुकानदारों और उपभोक्ताओं दोनों को फायदा होगा।













